Class 6 नैतिक शिक्षा अध्याय 4 वंदना [शब्दार्थ और प्रश्नोत्तर]

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वंदन (Adoration) | कक्षा 6 नैतिक शिक्षा

भाग 1 : कठिन शब्द और उनके अर्थ

शब्दअर्थ
वंदनप्रणाम करना, नमस्कार करना
मातृभूमिजन्मभूमि, माँ के समान देश
महकता चंदनखुशबूदार चंदन जैसा पवित्र
आँचलसाड़ी का किनारा, माँ की शरण
नटखट, चंचलशरारती, चुलबुला
शिशुछोटा बच्चा
अभिनंदनस्वागत करना, सम्मान करना
शोभासुंदरता, खूबसूरती
सम्मुखसामने
कल्पलता / कल्पवृक्ष / नंदन वनइच्छा पूरी करने वाली लता, पेड़ और स्वर्ग का बगीचा
रत्तीभरथोड़ा सा भी, ज़रा सा भी
आँचनुकसान, कष्ट
वंशजवंश का होने वाला, औलाद
भव्य मुकुट / हिमगिरिहिमालय पर्वत, भारत का मुकुट
सर्वस्व समर्पणअपना सब कुछ दे देना

 

adoration

भाग 2 : प्रश्नोत्तर

प्रश्न 1. कवि ने मातृभूमि की मिट्टी को क्या कहा है?

उत्तर: कवि ने मातृभूमि की मिट्टी की धूल को महकता हुआ चंदन कहा है, जो बहुत पवित्र और सुगंधित है।

प्रश्न 2. कवि का बचपन कैसे बीता?

उत्तर: कवि का बचपन मातृभूमि की गोद रूपी पालने में झूलते हुए, खेलते हुए और उसके आँचल में बड़ा होते हुए बीता।

प्रश्न 3. कवि मातृभूमि को सौ-सौ बार अभिनंदन क्यों करना चाहता है?

उत्तर: क्योंकि मातृभूमि ने कवि के लिए सब कुछ सहा है लेकिन कभी कुछ नहीं कहा। उसी ने उसे पाल-पोस कर इतना बड़ा किया है, इसलिए वह सौ-सौ बार उसका अभिनंदन करना चाहता है।

प्रश्न 4. कवि को अपनी मातृभूमि सबसे प्यारी क्यों लगती है?

उत्तर: कवि कहता है कि दुनिया में बहुत सुंदर देश हैं, लेकिन उसकी मातृभूमि की शोभा सबसे प्यारी है। उसकी सुषमा-सुंदरता-गरिमा के सामने स्वर्गलोक की सुंदरता भी एक-एक करके हार जाती है।

प्रश्न 5. कवि ने मातृभूमि को कल्पलता और नंदन वन क्यों कहा है?

उत्तर: क्योंकि जैसे कल्पलता और नंदन वन सभी की इच्छाएँ पूरी करते हैं, वैसे ही हमारी मातृभूमि भी हम सब की आशाओं और अभिलाषाओं को पूरा करती है।

प्रश्न 6. कवि देश की रक्षा के लिए क्या प्रण लेता है?

उत्तर: कवि प्रण लेता है कि जब तक वह जीवित है, वह अपनी मातृभूमि पर रत्तीभर भी आँच नहीं आने देगा। वह कहता है कि भले ही मैं बालक हूँ पर वीर भरत का वंशज हूँ, शेरों का मुँह फाड़कर दाँत दिखला दूँगा।

प्रश्न 7. भव्य मुकुट और अडिग सिंधु-सिंहासन से क्या मतलब है?

उत्तर: भव्य मुकुट से मतलब हिमालय पर्वत से है जो भारत के सिर का ताज है, और अडिग सिंधु-सिंहासन से मतलब भारत के चारों तरफ फैले हुए समुद्र से है। कवि कहता है ये दोनों उसके हाथों में सुरक्षित हैं।

प्रश्न 8. कवि माथे पर तिलक किस चीज़ से लगाता है और क्यों?

उत्तर: कवि रोली से नहीं, बल्कि अपनी मातृभूमि की मिट्टी से माथे पर तिलक लगाता है। उसे गर्व है कि उसका नाता इस देश की मिट्टी से है और वह अपना सब कुछ उसी को समर्पित करना चाहता है।

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